
जबलपुर। पिपरिया खमरिया स्थित प्रीमियर प्राइवेट आईटीआई में इंजीनियर्स डे का आयोजन बड़े हर्ष और उत्साह के साथ सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद के सदस्य एवं वरिष्ठ संरचनात्मक अभियंता इंजीनियर चंद्रशेखर पटेल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता इंजीनियर प्रभात दुबे ने की।
समारोह की शुरुआत पारंपरिक रूप से दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ हुई। इसके बाद विद्यार्थियों ने भारत रत्न मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया के जीवन, उनके अभियांत्रिकी कौशल तथा राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर आधारित आकर्षक प्रस्तुतियाँ दीं।
मुख्य अतिथि इंजीनियर चंद्रशेखर पटेल ने अपने संबोधन में कहा कि “इंजीनियर केवल इमारतें, पुल और सड़कें ही नहीं बनाते, बल्कि वे राष्ट्र के विकास की मजबूत नींव गढ़ते हैं। विश्वेश्वरैया जी का जीवन हमें यह प्रेरणा देता है कि तकनीकी प्रतिभा का सदुपयोग समाज और राष्ट्रहित में होना चाहिए।” उन्होंने आगे कहा कि आज का युवा इंजीनियर विकसित भारत 2047’ के सपने को साकार करने में अहम भूमिका निभा सकता है। वोकल फॉर लोकल और ‘मेक इन इंडिया’ जैसी पहलों के माध्यम से तकनीक और नवाचार को अपनाकर आत्मनिर्भर भारत का निर्माण संभव है।
कार्यक्रम अध्यक्ष इंजीनियर प्रभात दुबे ने भी विद्यार्थियों को मार्गदर्शन देते हुए कहा कि तकनीकी शिक्षा तभी सार्थक है जब उसमें मानवता और नैतिक मूल्यों का समावेश हो। इंजीनियरिंग का वास्तविक उद्देश्य समाज की बेहतरी और जनकल्याण में निहित है।
समारोह में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। अंत में प्राचार्य ने सभी अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों को प्रेरणा देने के साथ-साथ उनके व्यक्तित्व विकास में भी सहायक सिद्ध होते हैं।