
एससीओ के 25 वें शिखर सम्मेलन में दूसरे दिन घोषणा पत्र में पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा की गई है। घोषणा पत्र में कहा गया कि इस हमले के अपराधियों आयोजकों और उन्हें समर्थन देने वालों को सजा दिलाना जरूरी है।
पीएम मोदी ने ये कहा
पीएम मोदी ने एससीओ शिखर सम्मेलन में कहा कि भारत पिछले चार दशकों से निर्मम आतंकवाद का दंश झेल रहा है। कितनी ही माताओं ने अपने बच्चे खोए और कितने बच्चे अनाथ हो गए। हाल ही में हमने पहलगाम में आतंकवाद का बहुत ही घिनौना रूप देखा। इस दुख की घड़ी में जो मित्र देश हमारे साथ खड़े रहे, मैं उनका आभार व्यक्त करता हूं।
यह हमला केवल भारत की अंतरात्मा पर ही आघात नहीं था, यह मानवता में विश्वास रखने वाले हर देश, हर व्यक्ति को खुली चुनौती थी। ऐसे में प्रश्न उठना स्वाभाविक है, क्या कुछ देशों द्वारा आतंकवाद का खुलेआम समर्थन हमें स्वीकार्य हो सकता है। आतंकवाद पर कोई भी दोहरा मापदंड स्वीकार्य नहीं होंगे। हमें मिलकर, आतंकवाद का हर रंग में, हर रूप में, विरोध करना होगा। ये मानवता के प्रति हमारा दायित्व है।
पूरी मानवता के लिए साझा चुनौती
पीएम मोदी ने कहा कि आतंकवाद सिर्फ किसी देश की सुरक्षा ही नहीं, बल्कि पूरी मानवता के लिए एक साझा चुनौती है। कोई देश, कोई समाज, कोई नागरिक अपने आप को इससे सुरक्षित नहीं समझ सकता। इसलिए आतंकवाद से लड़ाई में भारत ने एकजुटता पर बल दिया है। इसमें SCO-RATS की बहुत महत्वपूर्ण भूमिका रही है। इस वर्ष भारत ने ज्वाइंट इनफर्मेशन ऑपरेशन को लीड करते हुए अलकायदा और इससे जुड़े आतंकी संगठनों से लड़ने का इनिशिएटिव लिया। टेरर फाइनेंसिंग के खिलाफ आवाज उठायी है।
एससीओ को इस तरह स्पष्ट किया
पीएम नरेंद्र मोदी ने एससीओ को लेकर भारत की सोच और नीति को स्पष्ट करते हुए कहा कि एस- सिक्योरिटी, सी- कनेक्टिविटी, ओ- अपार्चुनिटी। सिक्टयोरिटी के संदर्भ में पीएम ने कहा कि सुरक्षा, शांति, और स्थिरता किसी भी देश के विकास का आधार है। किंतु इस मार्ग में आतंकवाद, अलगावाद और अतिवाद बड़ी चुनौतियां हैं।
कनेक्टिविटी पर बोलते हुए पीएम ने कहा कि भारत का हमेशा से मत रहा है कि मजबूत कनेक्टिविटी से केवल व्यापार ही नहीं, बल्कि विश्वास और विकास के द्वार खुले हैं। अपार्चुनिटी पर बोलते हुए पीएम ने कहा कि 2023 में भारत की अध्यक्षता के दौरान नयी ऊर्जा और विचारों का संचार हुआ था। स्टार्ट-अप्स और इनोवेशंस, ट्रेडिशनल मेडिसिन, यूथ इमपावरमेंट, से जोड़ा था। हमारा प्रयास था कि एससीओ को सरकारों के परे भी ले जाएं।
मोदी ने पुतिन और जिनपिंग से बातचीत की
पीएम मोदी ने सोमवार को राष्ट्रपति पुतिन से द्विपक्षीय बातचीत की। वहीं चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से रविवार को बातचीत की।