Bihar Exit Poll: कहीं एनडीए तो कहीं महागठबंधन को बढ़त, आरजेडी बन सकती है सबसे बड़ी पार्टी

पटना। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के बाद बुधवार को जारी एग्जिट पोल्स ने नई हलचल पैदा कर दी है। अलग-अलग सर्वे एजेंसियों द्वारा जारी एग्जिट पोल में बड़ा अंतर देखने को मिला है। कुछ एग्जिट पोल्स में एनडीए को स्पष्ट बहुमत के साथ आगे दिखाया गया है, जबकि कुछ सर्वे महागठबंधन (MGB) को मजबूत स्थिति में बता रहे हैं।

एजेंसियों ने सर्वे में एनडीए और महागठबंधन के बीच क्‍लोज फाइट दिखाई है। एक्सिस माय इंडिया ने आरजेडी के सबसे बड़ी बनने का दावा किया है। वहीं जदयू दूसरे नंबर की व बीजेपी को तीसरे नंबर की पार्टी हो सकती है, ऐसा दावा एक्सिस माय इंडिया ने किया है। लेकिन कुल सीट में एक्सिस माय इंडिया ने एनडीए को अधिक सीट दी हैं।

कुछ सर्वे में मतदाताओं में सीएम की पसंद भी बताई है। वहीं जाति के हिसाब से भी वोट प्रतिशत निकाला गया। हालांकि नए एग्जिट पोल को भी राजनैतिक पार्टियां पूरी तरह से स्‍वीकार नहीं कर रही हैं वे एग्जिट पोल का इंतजार करने कह रही हैं।

वोट वाइब्स का एग्जिट पोल: एनडीए को बढ़त

VOTE VIBE’S के बुधवार को जारी एग्जिट पोल में एनडीए को 125 से 145 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि महागठबंधन को 95 से 115 सीटों के बीच दिखाया गया है। जनसुराज पार्टी (JSP) को 0 से 2 और अन्य को 1 से 3 सीटें मिलने का अनुमान है। यह सर्वे एनडीए को मजबूत स्थिति में दर्शाता है।

DB Live (Electline) में महागठबंधन आगे

DB Live और Electline के एग्जिट पोल के अनुसार महागठबंधन (MGB) को 130 से 144 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि एनडीए को 95 से 109 सीटें दी गई हैं। इस सर्वे में महागठबंधन के पक्ष में स्पष्ट रुझान दिखाई दे रहा है। अन्य दलों को 0 से 8 सीटें मिलने की संभावना जताई गई है।

AXIS My India ने दिखाई करीबी टक्कर

AXIS My India के एग्जिट पोल में एनडीए को 130 सीटें और महागठबंधन को 110 सीटें मिलने का अनुमान है। जनसुराज पार्टी को 1 और अन्य को 2 सीटें दिखाई गई हैं। इस रिपोर्ट में दोनों गठबंधनों के बीच करीबी मुकाबले का संकेत मिला है।

एक्सिस माय इंडिया के एग्जिट पोल का डिटेल

बिहार में आरजेडी सबसे बड़ी पार्टी, जदयू दूसरे नंबर पर, बीजेपी तीसरे नंबर की पार्टी हो सकती है। एक्सिस माय इंडिया के अनुसार आरजेडी को 67-76 सीटें, जदयू को 56-62 सीटें, बीजेपी को 50-56 सीटें, कांग्रेस को 17-21 सीटें, जनसुराज को 01 सीट आ सकती है।

वोट शेयर —
एक्सिस माय इंडिया ने एनडीए को 43% महागठबंधन को 41% जनसुराज को 4% अन्‍य को 2% वोट शेयर दिया है।

जाति के आधार पर —
एक्सिस माय इंडिया ने महागठबंधन को 14 प्रतिशत ब्राह्णण वोट, एनडीए को 64 प्रतिशत ब्राह्णण वोट, जनसुराज को 9 प्रतिशत ब्राह्णण वोट, महागठबंधन को 19 प्रतिशत पासवान वोट, एनडीए को 64 प्रतिशत पासवान वोट, महागठबंधन को 90 प्रतिशत यादव वोट, एनडीए को 6 प्रतिशत यादव वोट, महागठबंधन को 79 प्रतिशत मुस्लिम वोट, एनडीए को 8 प्रतिशत मुस्लिम वोट, अन्‍य को 11 प्रतिशत मुस्लिम वोट, जनसुराज को 1 प्रतिशत मुस्लिम वोट, महागठबंधन को 15 प्रतिशत भूमिहार वोट, एनडीए को 60 प्रतिशत भूमिहार वोट मिल सकते हैं।

News Pinch में दोनों गठबंधनों के बीच कांटे की टक्कर

News Pinch के सर्वे के मुताबिक एनडीए को 121 सीटें और महागठबंधन को 119 सीटें मिल सकती हैं। अन्य उम्मीदवारों के खाते में 3 सीटें जाती दिख रही हैं। यह सर्वे इस बार के चुनाव को बेहद प्रतिस्पर्धी बताता है।

मंगलवार के एग्जिट पोल में एनडीए को मिली थी बढ़त

मंगलवार की शाम जारी अधिकांश एग्जिट पोल्स ने एनडीए की स्थिति को मजबूत बताया था। कई राष्ट्रीय सर्वे एजेंसियों ने दावा किया था कि एनडीए को सरकार बनाने के लिए स्पष्ट बहुमत मिल सकता है। लेकिन बुधवार को आए एग्जिट पोल्स ने इस रुझान को आंशिक रूप से बदल दिया है।

तेजस्वी यादव ने एग्जिट पोल को बताया अविश्वसनीय

महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर एग्जिट पोल्स को पूरी तरह खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि ये सर्वे जनता की भावनाओं को नहीं दर्शाते और महागठबंधन को वास्तविक परिणामों में बहुमत मिलेगा। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि कुछ एग्जिट पोल्स पूर्वाग्रह के तहत तैयार किए गए हैं।

एग्जिट पोल्स के परिणामों में अंतर के पीछे कारण

एग्जिट पोल्स में अंतर का कारण नमूना आकार, सर्वे विधि, क्षेत्रीय कवरेज और समय का फर्क माना जा रहा है। कुछ एजेंसियों ने पहले चरण के मतदान के आधार पर अनुमान जारी किए, जबकि कुछ ने दूसरे चरण तक के आंकड़ों को शामिल किया। इसी कारण एक एजेंसी एनडीए को आगे बता रही है तो दूसरी महागठबंधन को।

राजनीतिक समीकरणों पर असर

विश्लेषकों का कहना है कि महिलाओं की बढ़ी हुई भागीदारी, नए मतदाताओं का रुझान और क्षेत्रीय उम्मीदवारों की लोकप्रियता जैसे कारक भी अंतिम परिणामों को प्रभावित कर सकते हैं। हालांकि, एग्जिट पोल केवल एक संकेतक होते हैं, न कि अंतिम परिणाम। असली तस्वीर मतगणना के दिन 14 नवंबर को ही सामने आएगी।

नतीजों से पहले बढ़ा सस्पेंस

बिहार की जनता ने इस बार रिकॉर्ड मतदान कर इतिहास रचा है। अब सभी की निगाहें 14 नवंबर को आने वाले नतीजों पर टिकी हैं। एग्जिट पोल्स ने माहौल को रोमांचक बना दिया है और अब देखने वाली बात होगी कि जनता का फैसला किसके पक्ष में जाता है- एनडीए या महागठबंधन।

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