
जबलपुर। श्री बगलामुखी सिद्धपीठ शंकराचार्य मठ सिविक सेंटर मढ़ाताल में विश्वकल्याणर्थ पौष मास के पावन अवसर पर एक माह का सूर्य अर्चन आज से प्रारंभ हुआ। इस अवसर पर भगवान शिव का अभिषेक किया गया। तत्पश्चात 5100 गुलाबों के पुष्पों से सहस्त्रार्चन ब्रह्मचारी श्री चैतन्यानंद महाराज श्री के सानिध्य में एवं वैदिक ब्राह्मणों द्वारा भगवान सूर्य का वैदिक अर्चन किया गया।
भगवान सूर्य प्रत्यक्ष देवता हैं – ब्रह्मचारी श्री सुबुध्दानन्द
भक्तों को सूर्य महिमा का महत्व बताते हुए ब्रह्मचारी श्री सुबुध्दानन्द जी महाराज श्री ने कहा कि भगवान सूर्यनारायण हमारे बीच प्रत्यक्ष रूप में निवास करते हैं और हम उन्हें प्रत्यक्ष रूप में ही दर्शन करते हैं। वे अतुलित तेजस्वी, मुक्ति के द्वार स्वरूप, वेदत्रयरूप तथा तेज के भंडार हैं।
उन्होंने बताया कि आज जिन सवितादेव की पूजा की जा रही है, वही अग्नि और चन्द्रमा रूप जगत् के कारण हैं और सुषुम्न नामक परमतेज को धारण करते हैं। भगवान सूर्य के उदित हुए बिना मनुष्य सत्कर्मों में प्रवृत्त नहीं हो सकता। सूर्य सम्पूर्ण जगत् के अन्धकार का नाश करने वाले हैं।
भक्तों की उपस्थिति
पूजन के दौरान मधु यादव, मनीष पांडेय, आदम बाजपेई, श्रीमति नीता पटेल, पद्मा मेनन, रिचा मिश्रा, मनोज सेन सहित अन्य भक्त उपस्थित रहे।