
जबलपुर। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम में शत-प्रतिशत गणना पत्रकों को भरने और उनका डिजिटाइजेशन का कार्य पूर्ण करने वाले पाटन विधानसभा क्षेत्र के मेहगवां स्थित मतदान केन्द्र क्रमांक 52 के बीएलओ इंद्रराज सिंह ठाकुर जिले के पहले बीएलओ बन गये हैं। जिला निर्वाचन कार्यालय द्वारा इस सराहनीय कार्य के लिए उन्हें जल्दी ही सम्मानित किया जायेगा।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह ने श्री ठाकुर के इस उल्लेखनीय कार्य के लिए उनकी सराहना की है तथा अन्य बीएलओ के लिए अनुकरणीय बताया है। बीएलओ श्री इंद्रराज सिंह ठाकुर ने अपने मतदान केन्द्र के सभी 595 मतदाताओं के गणना पत्रकों को भरवाकर उनके डिजिटाइजेशन का कार्य पूर्ण कर लिया है। श्री इंद्रराज सिंह प्राथमिक शाला चंदवा में सहायक शिक्षक के पद पर पदस्थ हैं।
लापरवाही बरतने पर दो बीएलओ और एक पटवारी निलंबित
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत मतदाताओं के सत्यापन के कार्य में लापरवाही बरतने और आदेशों की अवहेलना करने पर जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह ने दो बीएलओ और एक पटवारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा जिन दो बीएलओ को निलंबित किया गया है उनमें विधानसभा क्षेत्र जबलपुर केन्ट के मतदान केन्द्र क्रमांक 150 के बीएलओ मुख्य अभियंता कार्यालय लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सहायक ग्रेड-तीन संदीप नंदा एवं विधानसभा क्षेत्र जबलपुर उत्तर के मतदान केन्द्र क्रमांक 133 की बीएलओ वन रक्षक श्रीमती मोनू भारती शामिल है। जबकि शहपुरा तहसील के पटवारी हल्का नंबर 35 रमखिरिया ठूंठा का पटवारी आशुतोष चतुर्वेदी को मतदाताओं के सत्यापन में बीएलओ का सहयोग नहीं करने के कारण निलंबित किया गया है।
विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य में लापरवाही बरतने के कारण निलंबित पटवारी और बीएलओ को नोटिस भी जारी किये गये थे, लेकिन उनके द्वारा कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया था। पटवारी और बीएलओ के निलंबन की कार्यवाही मध्यप्रदेश सिविल सेवा आचरण नियम 1966 के प्रावधानों तथा लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 के प्रावधानों के तहत की गई है।
निलंबित बीएलओ संदीप नंदा को निलंबन की अवधि में निर्वाचक रजिस्ट्रिकरण अधिकारी कार्यालय जबलपुर केंट एवं श्रीमती मोनू भारती को निर्वाचक रजिस्ट्रिकरण अधिकारी कार्यालय जबलपुर उत्तर से संबद्ध किया गया है। वहीं निलंबित पटवारी आशुतोष चतुर्वेदी का निलंबन काल के दौरान मुख्यालय जिला निर्वाचन कार्यालय नियत किया गया है।
एईआरओ सहित नौ को कारण बताओ नोटिस
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के तहत गणना पत्रक के डिजिटाइजेशन के कार्य में संतोष जनक प्रगति न होने के कारण जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह के निर्देश पर एक सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी तथा आठ बीएलओ सुपरवाईजर को कारण बताओ नोटिस जारी किये गये हैं।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमती ज्योति परस्ते द्वारा जारी कारण बताओ नोटिस का जवाब 19 नवम्बर को दोपहर 12 बजे तक प्रस्तुत करने के निर्देश दिये गये हैं। कारण बताओ नोटिस का संतोषजनक जवाब न मिलने पर इन सभी को वैधानिक कार्यवाही की चेतावनी भी दी गई है।
जिला निर्वाचन कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार गणना पत्रक के डिजिटाइजेशन में कम प्रगति के कारण जिन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किये गये हैं उनमें विधानसभा क्षेत्र जबलपुर केंट की सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी श्रीमती जानकी उइके, विधानसभा क्षेत्र जबलपुर केंट के बीएलओ सुपरवाईजर पुलकित त्रिवेदी, कैलाश उर्वेती, दीपक झारिया, अंकित विश्वकर्मा, जय विश्वकर्मा एवं राजकुमार मेहरा तथा विधानसभा क्षेत्र जबलपुर पश्चिम के सुरेन्द्र बर्मन एवं आशुतोष गौतम शामिल हैं।