
भोपाल। यूनियन बजट 2026 में केंद्र सरकार द्वारा देश में तीन नवीन आयुर्वेद एम्स खोले जाने की घोषणा के पश्चात मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव द्वारा उज्जैन मध्यप्रदेश में आयुर्वेद एम्स स्थापित करने की घोषणा का आयुष मेडिकल एसोसिएशन, निजी आयुर्वेद महाविद्यालय शिक्षक कल्याण संघ, अखिल भारतीय आयुर्वेद महासम्मेलन की मप्र शाखा मध्यप्रदेश आयुर्वेद सम्मेलन, मप्र आयुर्वेद छात्र संगठन, आयुर्वेद पीजी एसोसिएशन समेत विभिन्न आयुष संगठनों ने स्वागत किया है।
मांग हो रही पूरी
आयुष मेडिकल एसोसिएशन के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ राकेश पाण्डेय ने मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के प्रति आभार व्यक्त करते हुये कहा कि हमारी लंबे समय से मध्यप्रदेश में आयुर्वेद एम्स खोले जाने की मांग रही है जो अब पूरी होने जा रही है। डॉ पाण्डेय ने कहा कि मख्यमंत्री बनने के पूर्व भी उज्जैन के शासकीय धन्वंतरि आयुर्वेद कॉलेज के सहयोग हेतु विगत लंबे वर्षों से डॉ यादव सदैव मददगार रहे हैं। तत्कालीन प्राचार्य डॉ श्यामलाल शर्मा, अखिल भारतीय आयुर्वेद महासम्मेलन के डॉ एसएन पाण्डेय, मप्र आयुर्वेद सम्मेलन के प्रांतीय अध्यक्ष डॉ विनोद बैरागी, डॉ प्रकाश जोशी, डॉ देवेंद्र सिंह ठाकुर, डॉ रमेश चंद्र मूवेल, डॉ श्रीकृष्ण त्रिपाठी, डॉ राकेश पाण्डेय, डॉ अजय अवस्थी, डॉ सुनील यादव, डॉ हरेंद्र सिंह भदौरिया, डॉ पुष्पेंद्र पाण्डेय, डॉ सुरेंद्र पटेल आदि उज्जैन व विभिन्न स्थानों में प्रदेश सरकार तथा प्रतिनिधियों से मिलते रहे और आयुर्वेद एम्स जैसे संस्थान उज्जैन में खोले जाने की मांग करते रहे हैं।
सभी संगठनों ने आभार व्यक्त किया
सभी संगठनों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव, केंद्रीय आयुष सचिव डॉ राजेश कोटेचा, मप्र के आयुष मंत्री इंदरसिंह परमार, आयुक्त संचालनालय आयुष मप्र सभी के प्रति भी आभार व्यक्त किया है। निश्चित रूप से उज्जैन में आयुर्वेद एम्स स्थापित होने से मप्र, राजस्थान, छत्तीसगढ़, उत्तरप्रदेश समेत सटे हुये प्रदेशों की जनमानस को स्वास्थ्य लाभ मिल सकेगा। वर्तमान में देश में केवल एक आयुर्वेद एम्स नईदिल्ली में है एवं राष्ट्रीय स्तर के आयुर्वेद संस्थान जयपुर राजस्थान तथा जामनगर गुजरात में है।