
पन्ना। कलेक्टर ऊषा परमार ने शुक्रवार को गहरा स्थित वृद्धाश्रम का निरीक्षण कर वहां निवासरत वरिष्ठजनों से आत्मीय मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने बुजुर्गों का पुष्पमाला पहनाकर स्वागत किया, उनका हालचाल जाना तथा संस्थान में उपलब्ध व्यवस्थाओं की विस्तार से जानकारी ली। निरीक्षण के समय जिला प्रशासन, आयुष विभाग एवं सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित स्वास्थ्य शिविर का भी अवलोकन किया गया।
स्वास्थ्य शिविर को बताया सराहनीय पहल
कलेक्टर श्रीमती परमार ने “स्टेट एक्शन प्लान फॉर सीनियर सिटिजन” के अंतर्गत आयोजित दो दिवसीय स्वास्थ्य शिविर को सराहनीय पहल बताया। उन्होंने कहा कि वरिष्ठजनों के स्वास्थ्य संरक्षण, सम्मान और जागरूकता के लिए इस प्रकार के आयोजन अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। शिविर में बुजुर्गों के लिए सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण, परामर्श एवं विभिन्न शासकीय योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई।
आयुष विभाग द्वारा आयोजित सत्र में नियमित योगाभ्यास के महत्व पर प्रकाश डाला गया। उपयोगी योगासन, सूक्ष्म व्यायाम और संतुलित जीवनशैली के लाभों की जानकारी देते हुए बुजुर्गों को दैनिक दिनचर्या में योग को शामिल करने के लिए प्रेरित किया गया।
नशा मुक्ति केन्द्र का भी किया भ्रमण
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने नशा मुक्ति केन्द्र का भी भ्रमण किया। उन्होंने वहां निवासरत लाभार्थियों से संवाद कर उन्हें नशा त्यागने और सकारात्मक जीवन की ओर अग्रसर होने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने पुनर्वास और मानसिक सुदृढ़ता के लिए नियमित परामर्श एवं देखरेख की आवश्यकता पर बल दिया।
औषधीय पौधा भेंट कर किया स्वागत
वृद्धाश्रम संचालिका दुर्गा त्रिपाठी ने संस्थान की कार्यप्रणाली एवं गतिविधियों की जानकारी प्रस्तुत की। जिला आयुष अधिकारी डॉ. रितु द्विवेदी ने शिविर के उद्देश्यों और विभागीय प्रयासों पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर जिला आयुष अधिकारी द्वारा कलेक्टर एवं मुख्य अतिथि का औषधीय पौधा ‘आंवला’ भेंट कर स्वागत किया गया।
कार्यक्रम में रहे ये उपस्थित
कार्यक्रम में अतिरिक्त सीईओ अशोक चतुर्वेदी सहित पेंशनर्स यशवंत कुमार शर्मा, दुलाचंद्र शर्मा, कृष्णगोपाल त्रिपाठी, सुंदरदास ठाकुर एवं प्रमोद कुमार शर्मा उपस्थित रहे। साथ ही आयुर्वेद चिकित्सा अधिकारी डॉ. ओमप्रकाश सिंगरौल, डॉ. अभिलाषा द्विवेदी, डॉ. विवेक चौबे, सुखेन्द्र वर्मा, फार्मासिस्ट प्रेमा प्रजापति, कम्पाउंडर जनपत प्रसाद प्रजापति, टेक्नीशियन आलोक द्विवेदी, नरेन्द्र त्रिवेदी, सतेन्द्र मोहन श्रीवास, रामदत्त मिश्रा, इन्द्रलाल कोंदर, योग प्रशिक्षक इंद्रप्रकाश एवं योग सहायक अप्रिता त्रिवेदी भी मौजूद रहे।
यह दो दिवसीय शिविर वरिष्ठजनों के स्वास्थ्य संवर्धन, जागरूकता और सम्मान की दिशा में एक सकारात्मक पहल सिद्ध हुआ। जिला प्रशासन द्वारा किए जा रहे ऐसे प्रयास समाज में बुजुर्गों के प्रति संवेदनशीलता और दायित्वबोध को सुदृढ़ करते हैं।