
जबलपुर। ग्वारीघाट स्थित ललपुर मार्ग पर विराजमान प्रसिद्ध रजत गणेश मंदिर में इन दिनों अद्भुत भक्तिमय वातावरण निर्मित है। मंदिर में स्थापित 41 किलोग्राम शुद्ध चाँदी से निर्मित श्री गणेश प्रतिमा के दर्शन एवं मन्नत हेतु दूर-दूर से श्रद्धालु पहुँच रहे हैं। शास्त्रों एवं मत्स्य पुराण के पावन विधानों के अनुसार, रजत निर्मित श्री गणेश विग्रह में भगवान साक्षात अपनी संपूर्ण कलाओं के साथ निवास करते हैं, जिससे यहाँ आने वाले भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।
पीले वस्त्रों में अलौकिक श्रृंगार एवं सेब फल से सहस्त्रार्चन
आज के विशेष आयोजन के अंतर्गत भगवान श्री गणेश जी का पीत (पीले) वस्त्रों, सुंदर पुष्पमालाओं एवं दिव्य आभूषणों से अत्यंत नयनाभिराम व भव्य श्रृंगार किया गया। इसके उपरांत सैनिक सोसायटी निवासी श्री प्रकाश कुशवाहा, श्रीमती रानू कुशवाह, प्रियांश, मोहित, अंशुल एवं साक्षी द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच सेब फल से विशेष ‘सहस्त्रार्चन’ संपन्न किया गया। इस दिव्य अनुष्ठान से संपूर्ण मंदिर परिसर भक्ति एवं वैदिक ध्वनियों से गुंजायमान हो उठा।
शास्त्रोक्त विधान एवं महत्व
मंदिर के संयोजक डॉ. रवि राय ने बताया कि चाँदी से निर्मित विग्रह का अर्चन व दर्शन करने से साधकों के सभी कष्ट, दुख एवं दरिद्रता का नाश होता है और जीवन में सुख-समृद्धि का वास होता है।
गणमान्य नागरिकों की गरिमामयी उपस्थिति
इस पावन अवसर पर श्रीमती सरिता चौकसे, श्री ओमप्रकाश चौकसे, श्रीमती सुभद्रा गोस्वामी, श्रीमती संध्या चौकसे, श्रीमती लवली जैसवाल, उषा गुप्ता, गौरव मिश्रा, कमलेश भलावी, शैली दुबे, महक सूरी, मंजू भसीन, विनीता वर्मा सहित नगर के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे और पूजन-अर्चन कर धर्मलाभ उठाया। कार्यक्रम का कुशल मंच संचालन सुरेश शारदा द्वारा किया गया। विशेष पूजन के उपरांत महाप्रसाद (भंडारे) का आयोजन हुआ, जिसमें उपस्थित सभी श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण की।