
जबलपुर। मध्य प्रदेश में मानसून की गतिविधियां फिलहाल सक्रिय बनी हुई हैं। मौसम पूर्वानुमानों के मुताबिक प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। कुछ क्षेत्रों में तेज बारिश की स्थिति भी बन सकती है। जबलपुर मौसम विज्ञान कार्यालय द्वारा 29 अगस्त को जारी मौसम विवरण के अनुसार जिले के अनेक स्थानों पर वर्षा या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है।
जबलपुर में बारिश और वज्रपात की संभावना
मौसम कार्यालय के पूर्वानुमान के अनुसार जबलपुर जिले के अनेक स्थानों पर बारिश अथवा गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। इसके साथ ही वज्रपात की संभावना भी जताई गई है। मौसम की गतिविधियों का असर खास तौर पर पूर्वी और उत्तरी हिस्सों में देखने को मिल सकता है। बारिश के कारण नदियों, नालों और जलाशयों के आसपास रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।
जबलपुर में 23.8 मिमी बारिश दर्ज
29 अगस्त को जारी मौसम विवरण के अनुसार जबलपुर में 23.8 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जबकि मानसूनी सीजन में अब तक कुल वर्षा का आंकड़ा 616.2 मिलीमीटर पहुंच गया है। मौसम कार्यालय के अनुसार सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक 0.5 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई।
तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं
जबलपुर में 29 अगस्त को अधिकतम तापमान 29.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आर्द्रता सुबह 92 प्रतिशत और शाम को 89 प्रतिशत रही। पिछले वर्ष इसी दिन अधिकतम तापमान 33.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 25.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।
तेज हवाओं के साथ मौसम बदलने के आसार
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार आने वाले दिनों में भी बारिश से राहत मिलने की संभावना कम है। बारिश के साथ गरज-चमक और वज्रपात की स्थिति बन सकती है। कुछ क्षेत्रों में तेज हवाओं के झोंके भी चलने की संभावना है। ऐसे में खुले स्थानों पर रहने वाले लोगों को मौसम में बदलाव के दौरान विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
सड़क यातायात और खेती पर पड़ सकता है असर
लगातार बारिश का सीधा असर सड़क यातायात, ग्रामीण संपर्क मार्गों और खेती-किसानी पर भी पड़ सकता है। किसानों को खेतों में जलभराव की स्थिति पर नजर रखने और स्थानीय मौसम अपडेट के आधार पर कृषि कार्य करने की सलाह दी जाती है। प्रशासनिक अमले को भी संवेदनशील क्षेत्रों, नदी-नालों और जलाशयों के आसपास निगरानी बनाए रखने की आवश्यकता है।