
जबलपुर। मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) के 400 केवी टेस्टिंग डिवीजन नागदा द्वारा ट्रांसमिशन सिस्टम की सुरक्षा एवं विश्वसनीयता बढ़ाने के उद्देश्य से प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में पावर ट्रांसफार्मर प्रोटेक्शन, ट्रांसमिशन लाइन प्रोटेक्शन, बसबार प्रोटेक्शन, अंडर फ्रीक्वेंसी प्रोटेक्शन तथा लोड ड्रॉपिंग स्कीम सहित विभिन्न तकनीकी विषयों पर जानकारी प्रदान की गई।
कार्यशाला में अधीक्षण अभियंता शेखर फटाले, कार्यपालन अभियंता दिनेश चन्द्र आर्य एवं दिनेश शर्मा, सहायक अभियंता रामशरण यादव, विक्रम डेहरिया, यशवंत राय, सुनील धुर्वे सहित कनिष्ठ अभियंता, नियमित मेंटेनेंस स्टाफ तथा संविदा एवं आउटसोर्स कर्मचारी उपस्थित रहे।
ट्रांसमिशन सिस्टम प्रोटेक्शन की दी गई जानकारी
प्रशिक्षण सत्र में अधीक्षण अभियंता शेखर फटाले एवं सहायक अभियंता (परीक्षण) रामशरण यादव ने पावर ट्रांसफार्मरों की आंतरिक एवं बाह्य प्रोटेक्शन प्रणालियों, डिफरेंशियल रिले, डिस्टेंस प्रोटेक्शन रिले, बैकअप प्रोटेक्शन, बसबार प्रोटेक्शन स्कीम तथा लोकल ब्रेकर बैकअप (एलबीबी) स्कीम की विस्तृत जानकारी दी। साथ ही अंडर फ्रीक्वेंसी प्रोटेक्शन एवं लोड ड्रॉपिंग स्कीम की कार्यप्रणाली तथा विद्युत प्रणाली की सुरक्षा एवं विश्वसनीयता में उनकी भूमिका पर चर्चा की गई।
नाइट्रोजन इंजेक्शन फायर प्रोटेक्शन सिस्टम की जानकारी
कार्यशाला में नाइट्रोजन इंजेक्शन फायर प्रोटेक्शन सिस्टम (एनआईएफपीएस) की संरचना, संचालन एवं उपयोगिता के संबंध में भी प्रतिभागियों को जानकारी दी गई।