
जबलपुर। निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाताओं के अधिकारों को लेकर संयुक्त संघर्ष समिति ने मालवीय चौक पर प्रदर्शन किया। समिति ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने और निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े मामलों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग उठाई। प्रदर्शन के बाद समिति की ओर से राष्ट्रपति के नाम जिला कलेक्टर के माध्यम से चार सूत्रीय ज्ञापन सौंपा गया।
निर्वाचन प्रक्रिया की स्वतंत्र जांच की मांग
ज्ञापन में समिति ने निर्वाचन प्रक्रिया से संबंधित शिकायतों की स्वतंत्र जांच कराने की मांग रखी। इसके साथ ही एसआईआर के तहत मतदाता सूची से हटाए गए पात्र लोगों के नाम दोबारा शामिल किए जाने की मांग की गई। समिति का कहना है कि मतदाता सूची में किसी भी पात्र नागरिक का नाम गलत तरीके से हटना लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा गंभीर विषय है।
आरोप सही पाए जाने पर कार्रवाई की मांग
समिति ने अपने ज्ञापन में यह मांग भी रखी कि जांच के दौरान यदि लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि निर्वाचन व्यवस्था में लोगों का विश्वास बनाए रखने के लिए पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और निष्पक्ष होना जरूरी है।
28 सितंबर को निकलेगा पैदल मार्च
मालवीय चौक पर हुए प्रदर्शन में समिति के बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए। वक्ताओं ने कहा कि इन मांगों को लेकर आंदोलन को आगे भी जारी रखा जाएगा।
आंदोलन को आगे बढ़ाते हुए संयुक्त संघर्ष समिति ने 28 सितंबर को पैदल मार्च निकालने की घोषणा की है। यह मार्च छोटा फुहारा मिलौनीगंज से शुरू होकर बड़ा फुहारा तक पहुंचेगा। समिति के अनुसार इसमें बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के शामिल होने की तैयारी है।
ये कार्यकर्ता रहे मौजूद
प्रदर्शन में सुबोध रिछारिया, रामरतन यादव, रजनीश दुबे, घनश्याम यादव, राधेश्याम अग्रवाल, राजेश सोनकर, डॉ. बसंत अग्रवाल, नोके लाल प्रजा, सिद्धांत जैन, अजय रावत, अमित पांडे, माया हुरमाडे और राजेश भावरे सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।