
जबलपुर: ग्वालियर जिले के बिलौआ क्षेत्र में बिजली आपूर्ति से जुड़ी अधोसंरचना का विस्तार करते हुए मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी ने 132 केवी का नया सबस्टेशन शुरू किया है। 50 एमवीए क्षमता वाले इस विद्युत केंद्र के चालू होने से क्षेत्र में बिजली की उपलब्धता और आपूर्ति व्यवस्था को मजबूती मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही प्रदेश के पारेषण तंत्र में 132 केवी और उससे अधिक क्षमता वाले ईएचटी सबस्टेशनों की संख्या 418 हो गई है।
नए सबस्टेशन से फिलहाल 33 केवी के दो औद्योगिक फीडरों को बिजली देना शुरू कर दिया गया है। वहीं चार अन्य 33 केवी फीडरों के जरिए मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के नेटवर्क को भी बिजली उपलब्ध कराई जाएगी। इससे क्षेत्र में बढ़ते विद्युत भार को व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी।
औद्योगिक क्षेत्र के साथ गांवों को भी फायदा
नए विद्युत केंद्र का असर केवल औद्योगिक क्षेत्र तक सीमित नहीं रहेगा। एमपी ट्रांसको के अनुसार, इससे बिलौआ क्षेत्र की करीब 119 औद्योगिक एवं व्यावसायिक इकाइयों को बिजली आपूर्ति का लाभ मिलेगा। इसके साथ लगभग 60 गांवों में रहने वाले घरेलू और कृषि उपभोक्ता भी इससे जुड़ेंगे।
दो नगर परिषदों तथा बीएसएफ प्रशिक्षण केंद्र की बिजली व्यवस्था को भी नए सबस्टेशन से सहारा मिलेगा। कंपनी के अनुमान के मुताबिक, इससे करीब 70 हजार उपभोक्ताओं को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से लाभ पहुंचेगा।
बढ़ती मांग के अनुरूप विस्तार
ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने कहा कि प्रदेश में बिजली की खपत और मांग लगातार बढ़ रही है। ऐसे में पारेषण नेटवर्क की क्षमता बढ़ाना जरूरी है। बिलौआ में नया सबस्टेशन शुरू होने से औद्योगिक गतिविधियों के साथ ग्रामीण क्षेत्रों की बिजली आपूर्ति को भी बेहतर आधार मिलेगा। उन्होंने परियोजना को पूरा करने वाले एमपी ट्रांसको के अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई दी।