फेडरेशन ऑफ मप्र चैंबर्स का स्वर्ण जयंती समारोह, हिमांशु खरे ने संभाला अध्यक्ष पद

जबलपुर। दिनांक 12 मई 2026 को भोपाल स्थित होटल कोर्टयार्ड मेरियट में प्रदेश की शीर्ष उद्योग व्यापार संस्था फेडरेशन ऑफ मध्यप्रदेश चेम्बर्स ऑफ कॉमर्स एण्ड इंडस्ट्री की वार्षिक साधारण सभा, स्वर्ण जयंती वर्ष समारोह तथा नवनिर्वाचित अध्यक्ष एवं कार्यकारिणी के पदभार ग्रहण कार्यक्रम का भव्य आयोजन सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर हिमांशु खरे ने बतौर अध्यक्ष तथा नवीन कार्यकारिणी ने पदभार ग्रहण किया। कार्यक्रम में प्रदेश के विभिन्न अंचलों से बड़ी संख्या में व्यवसायी उपस्थित रहे।

मंत्रीगणों की उपस्थिति में कार्यक्रम आयोजित

कार्यक्रम की अध्यक्षता मध्यप्रदेश शासन के श्रम एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में एमएसएमई मंत्री चेतन्य काश्यप उपस्थित रहे।

वार्षिक कार्यों का प्रस्तुतिकरण

कार्यक्रम का शुभारंभ स्वागत उद्बोधन से हुआ, जिसमें निवर्तमान अध्यक्ष दीपक शर्मा ने आगंतुकों का स्वागत करते हुए विगत वर्ष में फेडरेशन द्वारा किए गए कार्यक्रमों एवं उपलब्धियों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया।

उद्योग विकास पर हुई महत्वपूर्ण चर्चा

अध्यक्ष हिमांशु खरे ने जानकारी देते हुए बताया कि कार्यक्रम में उद्यमिता विकास, डिजिटल प्लेटफॉर्म, औद्योगिक विकास, आर्थिक प्रगति एवं उद्योगों को सशक्त बनाने जैसे विषयों पर चर्चा की गई। साथ ही उद्योगों एवं श्रमिकों के मध्य बेहतर समन्वय स्थापित करने और नीतिगत सुधारों पर भी विचार-विमर्श हुआ।

नवनिर्वाचित अध्यक्ष को मिला प्रमाण पत्र

कार्यक्रम में मंत्रीगणों द्वारा नवनिर्वाचित अध्यक्ष हिमांशु खरे को प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।

वैश्विक स्तर पर बढ़े उद्यमियों के अवसर

पूर्व अध्यक्ष डॉ. आर.एस. गोस्वामी ने कहा कि वर्तमान समय में भारतीय उद्यमियों को वैश्विक स्तर पर सम्मान मिल रहा है और उन्हें निर्यात की संभावनाओं का अधिकतम लाभ उठाना चाहिए।

प्रदेश की मार्केटिंग और निवेश पर जोर

नवनिर्वाचित अध्यक्ष हिमांशु खरे ने कहा कि उद्योग एवं व्यापार के क्षेत्र में प्रदेश की मार्केटिंग राष्ट्रीय एवं वैश्विक स्तर पर करने की आवश्यकता है, जिससे निवेश आकर्षित हो सके। उन्होंने अनुभवी व्यक्तियों के ज्ञान का उपयोग उद्योग विकास में करने पर भी बल दिया।

ईज ऑफ डूइंग बिजनेस पर सरकार का फोकस

एमएसएमई मंत्री चेतन्य काश्यप ने कहा कि उद्योगपति अपने उत्पादों की गुणवत्ता को अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने का प्रयास करें। उन्होंने बताया कि सरकार “ईज ऑफ डूइंग बिजनेस” के अंतर्गत प्रक्रियाओं को सरल बना रही है और उद्योगों से सुझाव आमंत्रित किए जा रहे हैं।

श्रमिक-व्यापारी समन्वय पर जोर

श्रम एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने अपने संबोधन में कहा कि श्रमिकों एवं व्यापारियों के बीच बेहतर समन्वय विकसित किया जाएगा। श्रम कानूनों को सरल भाषा में तैयार करने की दिशा में कार्य हो रहा है तथा औद्योगिक क्लस्टरों की आवश्यकताओं के अनुसार श्रमिक उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया जा रहा है।

आभार प्रदर्शन

कार्यक्रम के अंत में फेडरेशन के सचिव प्रवीण आचार्य ने सभी अतिथियों एवं सदस्यों का आभार व्यक्त किया।

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