मृत बिजली कर्मियों के आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति दें: राकेश डीपी पाठक

सीपीसीटी में छूट, आउटसोर्स कर्मचारियों को 50 प्रतिशत आरक्षण और लंबित भत्ते जारी करने का भी आग्रह

जबलपुर। मध्यप्रदेश विद्युत कर्मचारी संघ फेडरेशन के महामंत्री राकेश डीपी पाठक ने वर्ष 2000 से 2012 के बीच मध्यप्रदेश राज्य विद्युत मंडल और बिजली कंपनियों में कार्यरत रहते हुए दिवंगत हुए कर्मचारियों के आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति देने की मांग की है। उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और ऊर्जा मंत्री से आग्रह किया कि बिजली कंपनियों में नई भर्ती से पहले ऐसे सभी पात्र आश्रित परिवारों को बिना शर्त नियमित पदों पर अनुकंपा नियुक्ति दी जाए। उन्होंने कहा कि नियुक्ति नहीं मिलने के कारण संबंधित परिवार आर्थिक परेशानियों का सामना कर रहे हैं।

सीपीसीटी में छूट का पूरा आदेश जारी करने की मांग

राकेश डीपी पाठक ने कहा कि संविदा आधार पर नियुक्त अनुकंपा आश्रितों को नियमित नियुक्ति देने और कर्मचारियों की पदोन्नति में बाधा बन रही सीपीसीटी परीक्षा उत्तीर्ण करने की अनिवार्यता से छूट देने की घोषणा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पहले की थी। उनके अनुसार, राज्य शासन की ओर से जारी आदेश में केवल चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को पदोन्नति में सीपीसीटी से छूट का लाभ दिया गया है। इसके लिए फेडरेशन ने शासन का धन्यवाद किया है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की घोषणा में संविदा पर नियुक्त अनुकंपा आश्रितों को नियमित नियुक्ति में भी सीपीसीटी से छूट देने की बात शामिल थी, लेकिन इस संबंध में पूरा आदेश अब तक जारी नहीं हुआ है। इसके कारण प्रदेश के विभिन्न विभागों और बिजली कंपनियों में कार्यरत हजारों अनुकंपा आश्रित कर्मचारी नियमित नियुक्ति के लाभ से वंचित हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री से कर्मचारी हित में इस संबंध में शीघ्र पूर्ण आदेश जारी कराने का आग्रह किया।

आउटसोर्स कर्मचारियों को 50 प्रतिशत आरक्षण देने की मांग

फेडरेशन महामंत्री ने बिजली कंपनियों में नई भर्ती के दौरान आउटसोर्स कर्मचारियों को 50 प्रतिशत आरक्षण देने की मांग भी उठाई। उनका कहना है कि लंबे समय से बिजली कंपनियों में सेवाएं दे रहे आउटसोर्स कर्मचारियों के हितों को ध्यान में रखते हुए भर्ती प्रक्रिया में उन्हें उचित अवसर दिया जाना चाहिए।

बिजली बिल में 50 प्रतिशत छूट बहाल करने का आग्रह

राकेश डीपी पाठक ने बिजली कंपनियों में कार्यरत संविदा एवं नियमित अधिकारियों-कर्मचारियों और पेंशनर्स को बिजली बिल में पूर्व की भांति 50 प्रतिशत छूट देने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों और पेंशनर्स को यह राहत फिर से प्रदान की जानी चाहिए।

महंगाई भत्ता और महंगाई राहत जारी करने की मांग

उन्होंने मुख्यमंत्री से नियमित कर्मचारियों के लंबे समय से लंबित महंगाई भत्ते और पेंशनर्स की महंगाई राहत का आदेश दीपावली से पहले एक साथ जारी करने का भी अनुरोध किया। फेडरेशन की मांग है कि कर्मचारियों और पेंशनर्स को लंबित आर्थिक लाभ शीघ्र प्रदान किए जाएं।

फेडरेशन पदाधिकारियों ने भी किया आग्रह

फेडरेशन के महामंत्री राकेश डीपी पाठक के साथ यूके पाठक, लक्ष्मण सिंह राजपूत, खूबचंद शर्मा, उमाशंकर मेहता, एनके यादव, दिनेश दुबे, जी रामेश्वर गांगे, अवसार अहमद, बीएस राठौर, गोपाल चौहान, सुरेश बाबू खरे, आरके कौशिक, केदारनाथ अग्निहोत्री, जीएस खंडेलवाल, ओपी पांडे, जीएल चौरसिया, अनूप वर्मा, उमाशंकर दुबे, दिलीप शर्मा, दीपेश दुबे, कार्तिक शर्मा, पुष्पेन्द्र सिंह यादव, अविनाश तिवारी, राजेश मिश्रा, दीपक मेमने, सुधीर मिश्रा, आरके चौबे, मोहन श्रीवास, योगेश पटेल, मोहित पटेल, मनोज पाठक, दयाशंकर द्विवेदी और दिलीप पाठक सहित अनेक लोगों ने मुख्यमंत्री एवं ऊर्जा मंत्री से मांगों पर शीघ्र निर्णय लेने का आग्रह किया।

फेडरेशन ने उम्मीद जताई कि अनुकंपा आश्रितों की नियमित नियुक्ति, सीपीसीटी में छूट, आउटसोर्स कर्मचारियों के हित, बिजली बिल में रियायत और लंबित महंगाई भत्ते से जुड़े मामलों में शासन जल्द आवश्यक आदेश जारी करेगा।