
हटा। हटा ब्लॉक के बर्धा सहित दर्जनों गांवों में लगातार हो रही बिजली कटौती और खराब विद्युत व्यवस्था से परेशान ग्रामीणों का सब्र शनिवार को टूट गया। बर्धा, निवास, पाली, पोंडी, दिगी, पाठा, जामुन झिरिया सहित कई गांवों के सैकड़ों ग्रामीण और जनप्रतिनिधि सामूहिक रूप से हिनौता विद्युत मंडल कार्यालय पहुंचे और नायब तहसीलदार की मौजूदगी में बिजली विभाग के अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर व्यवस्था सुधारने की मांग की।
हिनौता फीडर से जुड़ी लाइन बनी परेशानी का कारण
ग्रामीणों का आरोप है कि बर्धा क्षेत्र की विद्युत लाइन को हिनौता फीडर से जोड़ा गया है, जहां लगातार अघोषित बिजली कटौती की जाती है। ग्रामीणों ने कहा कि हिनौता मंडल में पदस्थ अमला क्षेत्र के गांवों के साथ सौतेला व्यवहार कर रहा है। न तो समय पर लाइन मेंटेनेंस किया जाता है और न ही विद्युत आपूर्ति को सुचारू रखने पर पर्याप्त ध्यान दिया जाता है। इसका खामियाजा आम उपभोक्ताओं के साथ किसानों को भी भुगतना पड़ रहा है।
15 दिनों से बाधित आपूर्ति, जल संकट भी गहराया
ग्रामीणों ने बताया कि पिछले करीब 15 दिनों से बिजली आपूर्ति लगातार बाधित है, जिससे पेयजल संकट भी गहरा गया है। मोटर पंप बंद होने के कारण कई गांवों में पानी की समस्या उत्पन्न हो गई है। भीषण गर्मी के बीच बिजली संकट से लोगों का जनजीवन प्रभावित हो रहा है।
जनप्रतिनिधियों के साथ पहुंचे ग्रामीण, सौंपा ज्ञापन
मामले की गंभीरता को देखते हुए बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और ग्रामीण एकजुट होकर हिनौता सब स्टेशन पहुंचे। ज्ञापन सौंपने वालों में बर्धा सरपंच धीरज आदिवासी, पाली सरपंच किशोर यादव, निवास सरपंच प्रतिनिधि सावन सिंह, पूर्व मंडल अध्यक्ष प्रदीप गुप्ता, जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि अभिषेक जैन, मंडल अध्यक्ष गोपाल पटैल सहित विभिन्न ग्राम पंचायतों के जनप्रतिनिधि शामिल रहे।
दो दिन में समाधान का आश्वासन
ग्रामीणों की शिकायतों पर विद्युत विभाग के एई राजेश सहाय ने आश्वासन दिया कि सभी समस्याओं का परीक्षण कर आवश्यक सुधार कार्य किए जाएंगे तथा प्रमुख शिकायतों का निराकरण दो दिन के भीतर करने का प्रयास किया जाएगा। मौके पर नायब तहसीलदार राजेश सोनी और थाना प्रभारी सौरभ शर्मा पुलिस बल के साथ मौजूद रहे।
आंदोलन की चेतावनी, विभाग पर बढ़ा दबाव
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो क्षेत्र के लोग व्यापक आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। वहीं बड़ी संख्या में ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों के लामबंद होने के बाद विभागीय अधिकारी अब विद्युत व्यवस्था को बेहतर बनाने और नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने का भरोसा दे रहे हैं।
रिपोर्ट: जिमी नगरिया