
जबलपुर। चालीस दिनों तक चलने वाला “चालीसा व्रत मेला 2025 महोत्सव” जबलपुर के भरतीपुर स्थित भगवान झूलेलाल मंदिर में धूमधाम से आरंभ हो गया। शुभारंभ अवसर पर अख्खा जल-ज्योति की पूजा, महापूजन, आरती और पल्लव की शुरुआत प्रातः 9.30 बजे की गई। यह अनुष्ठान चालीस दिनों तक प्रतिदिन आयोजित होगा।

संतों के मार्गदर्शन में पूजा-अर्चना
महोत्सव के दौरान महंत स्वामी रामदास जी महाराज, स्वामी अशोकानंद जी महाराज, स्वामी प्रदीप महाराज सहित अन्य संत-महात्माओं के दिशा-निर्देशन में प्रतिदिन जलज्योति की पूजा, गर्भगृह में भगवान झूलेलाल, विपत्ति निवारक जल देवता, वरुण देवता का पूजन और जलाशय में दीपदान किया जाएगा। माताएं और बहनें व्रत-उपवास रखकर पूरे समर्पण से पूजन अर्चन में भाग ले रही हैं।
चालीसा व्रत उपासना से जीवन में सुख-समृद्धि
महोत्सव में आयोजित धर्मसभा को संबोधित करते हुए स्वामी अशोकानंद जी महाराज ने कहा कि धर्म ही मनुष्य का सच्चा मित्र है जो परलोक तक साथ जाता है। उन्होंने बताया कि जैसे पानी शरीर और कपड़े को स्वच्छ करता है, वैसे ही प्रभु भक्ति, ज्ञान और आराधना आत्मा को निर्मल करती है। उन्होंने कहा कि चालीसा व्रत करने से परमानंद प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त होता है और जीवन सार्थक बनता है।
आध्यात्मिक साधना का प्रतीक
विधायक अशोक रोहाणी ने अपने संबोधन में कहा कि चालीसा व्रत की यह परंपरा आध्यात्मिक साधना और उपासना के जरिए जीवन को मंगलमय बनाने का माध्यम है। उन्होंने इसे समाज में सद्भाव और भक्ति के प्रचार का पर्व बताया।
आयोजन समिति की भूमिका
महोत्सव आयोजन समिति में विधायक अशोक रोहाणी, उद्धवदास पारवानी, दिलीप तलरेजा, रामचंद्र आहूजा, रमेश आहूजा, राजकुमार कांधारी, माधवदास कुंदवानी, श्रीचंद मध्यांनी, कैलाश वासवानी, धर्मेंद्र मंगलानी, त्रिलोक वासवानी, लक्ष्मीचंद खेमानी, ताराचंद खत्री, सुधीर भागचांदनी, गोविन्द हीरानी, प्रकाश आहूजा, प्रकाश आसवानी, राजा सावलानी, विजय पंजवानी, हरीश आहूजा, बिल्लू हीरानी, सुनील हासवानी, सोनू लालवानी और गोपीचंद्र खत्री शामिल हैं। सभी सदस्य पूरे समर्पण से अनुष्ठान की व्यवस्थाओं में लगे हुए हैं।