
जबलपुर। रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय के 36वें दीक्षा समारोह की तैयारियां पूरे उत्साह के साथ चल रही हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने की सूचना के बाद छात्रों और विश्वविद्यालय प्रशासन में उत्साह बढ़ गया है, जिससे तैयारियों में तेजी आई है।
कुलगुरु ने ली समीक्षा बैठक
दीक्षा समारोह की तैयारियों को लेकर आयोजन समिति की समीक्षा बैठक कुलगुरु प्रो. राजेश कुमार वर्मा ने ली। उन्होंने कहा कि दीक्षा समारोह विद्यार्थियों के जीवन का अत्यंत महत्वपूर्ण और यादगार अवसर होता है, इसलिए आयोजन को पूर्ण गरिमा, अनुशासन और समन्वय के साथ संपन्न कराया जाएगा।
व्यवस्थाओं को लेकर दिए निर्देश
कुलगुरु ने कहा कि समारोह के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सभी समितियां आपसी सहयोग और समन्वय के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। उन्होंने तैयारियों की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। राष्ट्रपति के प्रवास के लिए एक घंटे का समय निर्धारित किया गया है, जिसे ध्यान में रखते हुए सुरक्षा, प्रोटोकॉल और अन्य व्यवस्थाएं युद्धस्तर पर की जा रही हैं।
प्रमुख अतिथियों की रहेगी मौजूदगी
दीक्षा समारोह की अध्यक्षता मध्य प्रदेश के राज्यपाल मंगुभाई पटेल करेंगे। वहीं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।
बैठक में मौजूद रहे अधिकारी
बैठक में कुलसचिव डॉ. रविशंकर सोनवाल, मुख्य संयोजक प्रो. एस.एस. संधू, प्रो. राकेश बाजपेयी, प्रो. सुरेंद्र सिंह सहित विभिन्न समितियों के संयोजक उपस्थित रहे। इस दौरान तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई।
141 विद्यार्थियों को मिलेंगे 240 स्वर्ण पदक
दीक्षा समारोह में विश्वविद्यालय के 141 छात्र-छात्राओं को 240 स्वर्ण पदक प्रदान किए जाएंगे। इसके अलावा 182 शोधार्थियों को पीएचडी, तीन को डी-लिट, एक को डीएससी तथा एक मानद उपाधि प्रदान किए जाने का प्रस्ताव है।
12 जून तक होगा पंजीयन
स्वर्ण पदक प्राप्तकर्ताओं और पीएचडी उपाधि धारकों के लिए ऑनलाइन आवेदन एवं पंजीयन की अंतिम तिथि 12 जून शाम 5 बजे निर्धारित की गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने पात्र विद्यार्थियों से समय सीमा के भीतर पंजीयन कराने की अपील की है।