
जबलपुर। क्रीड़ा भारती एवं महाराष्ट्र शिक्षण मंडल के संयुक्त तत्वावधान में रविवार को “पावन खिंड दौड़” का आयोजन वंदे मातरम् चौक, सिविक सेंटर से मदन महल स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा तक किया गया। ऐतिहासिक पावन खिंड के शौर्य और बलिदान की स्मृति में आयोजित इस दौड़ में 1200 से अधिक छात्र-छात्राओं एवं नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर राष्ट्रभक्ति और स्वराज के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की।

पावन खिंड के शौर्य को किया नमन
कार्यक्रम में बताया गया कि छत्रपति शिवाजी महाराज के लगभग 600 मावलों ने स्वराज की रक्षा के लिए पन्हाला से विशालगढ़ तक करीब 66 किलोमीटर का कठिन, ऊबड़-खाबड़ और घने जंगलों से होकर बारिश व अंधेरे में सफर तय किया था। इस अभियान के दौरान शिवाजी महाराज के सुरक्षा प्रमुख बाजी प्रभु देशपांडे ने घोड़खिंड में वीरगति प्राप्त की थी। उनके अद्वितीय बलिदान के सम्मान में छत्रपति शिवाजी महाराज ने घोड़खिंड का नाम बदलकर पावन खिंड रखा। इसी ऐतिहासिक घटना को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से प्रतिवर्ष पावन खिंड दौड़ आयोजित की जाती है।

1200 से अधिक प्रतिभागियों ने लिया हिस्सा
दौड़ में 1200 से अधिक छात्र-छात्राओं, युवाओं एवं नागरिकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। प्रतिभागियों ने वंदे मातरम् और भारत माता की जय के नारों के साथ दौड़ पूरी कर वीरता, त्याग और राष्ट्रसेवा के संदेश को आत्मसात किया।

कई गणमान्य अतिथि रहे उपस्थित
कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ महाकौशल प्रांत के कार्यवाह उत्तम बनर्जी, मध्य क्षेत्र जबलपुर के विधायक डॉ. अभिलाष पांडे, डॉ. जितेंद्र जामदार, जेडीए अध्यक्ष संदीप जैन, नगर निगम अध्यक्ष रिंकू विज, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सूर्यकांत शर्मा, प्रमोद पाठक, क्रीड़ा भारती के क्षेत्र संयोजक भीष्म सिंह, अनंत डी.के., डॉ. राकेश त्रिपाठी, डॉ. राजेश शुक्ला, प्रकाश विस्पुते, विनोद पोद्दार, प्रवीण गुप्ता, शिवांगी पचौरी, प्रीति त्रिपाठी, सुभाष माझी तथा कौशलेंद्र सिंह सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

आभार प्रदर्शन
कार्यक्रम का संचालन डॉ. राकेश त्रिपाठी ने किया। अंत में नगर निगम, सभी सहयोगी संस्थाओं, स्वयंसेवकों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए आयोजन को सफल बनाने में सभी के योगदान की सराहना की गई।
रिपोर्ट: विध्येश भापकर